: रेखा आठिया बनी सदर मंडल महामंत्री
Mon, Apr 28, 2025
सागर/ भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष श्याम तिवारी की अनुशंसा से नरयावली विधायक प्रदीप लारिया सदर मंडल अध्यक्ष सौरभ केसरवानी की सहमति से रेखा आठिया को सदर मंडल का महामंत्री नियुक्त किया गया रेखा पहले सदर के विभिन्न पदों पर रह चुकी है पार्टी में हमेशा सक्रिय होकर काम करती है अभी वर्तमान में सोशल मीडिया प्रभारी पद पर है।
: चौरसिया समाज सागर 10 व 11 मई को विवाह एवं परिचय सम्मेलन आयोजित करेगा
Sun, Dec 29, 2024
सागर/ चौरसिया समाज सागर द्वारा 29 दिसम्बर रविवार को श्री चौरसिया धर्मशाला गणेशघाट पुर्वियाऊ सागर पर बैठक आयोजित की गई।
जिसमें आगामी 10 व 11 मई 2025 को श्री मां महलवार मंदिर परिसर काकागंज सागर में अखिल भारतीय चौरसिया सामूहिक विवाह और युवक-युवती परिचय सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
साथ ही सर्वसम्मति से निम्न कार्यकारिणी का गठन किया गया:-
अध्यक्ष: श्रीराम पहलवान
महिला संगठन अध्यक्ष: श्रीमती संध्या चौरसिया
नवयुवक संगठन अध्यक्ष: पवन लंबरदार
कार्यवाहक अध्यक्ष:कृष्णकुमार चौरसिया
सचिव:देवेन्द्र चौरसिया
कोषाध्यक्ष:नंदकिशोर बाबू
बैठक में प्रमुख रूप से बसंत बाबा,आशीष, खेमचंद, कड़ोरी,उमाशंकर,रमेश, पचकोड़ी,कमलेश,
रामदास,कैलाश, राजीव,लोकेश,
अमन पार्षद, अरविंद,राजेश ,
श्रीमती कृष्णा,सिम्पल, मंजुश्री,रजनी,रानी,मीना,राजश्री,
आशा
सहित अनेक समाजजन उपस्थित रहे।
अंत में आभार सहित बैठक समाप्त की गई।
: धूमधाम के साथ मना अमृतझिरिया आश्रम का 27वां स्थापना दिवसऊँ नाम का जप ही कल्याण करेगा: श्री मुक्तानंद जी
Sun, Dec 22, 2024
देवरी कला। देवरी के अमृतझिरिया में 27 वा वार्षिक महोत्सव बड़ी धूमधाम के साथ संपन्न हुआ एवं विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। देवरी नगर से 8 किलोमीटर दूर स्थित अमृतझिरिया आश्रम में 27 वर्ष पूर्व परम पूज्य 1008 मुक्तानंद जी महाराज का पदार्पण 22 दिसंबर 1997 को हुआ था,और उसके बाद से ही इस वार्षिक उत्सव का आयोजन भक्तों द्वारा सतत किया जा रहा है। इस दौरान सुबह से भाविक भक्तों द्वारा परम पूज्य1008 मुक्तानंद जी महाराज की पूजन आरती उपरांत प्रवचन का आयोजन किया गया। इस दौरान परम पूज्य मुक्तानंद जी महाराज ने अपने आशीर्वचनों से लोगों को ज्ञान अमृत की वर्षा की। इस दौरान उन्होंने निर्वाणी मुद्रा का महत्व बताते हुए कहा की अपनी जीभ की नोक से निचले दांत की जड़ को दबाने से सिर्फ एक ही नाम निकलेगा और वह है ऊँ इसके अलावा संसार में दूसरा कोई नाम नहीं निकलेगा और यही एक सत्य नाम हैऔर दांत की जड़ में जीभ लगाने से मन एकाग्र होता है। इसे ‘निर्वाणी मुद्रा’ कहते है, निर्वाणी मुद्रा में मन इधर-उधर नहीं भटकता, मन को एकाग्र करने के लिए निर्वाणी मुद्रा करें। इसी तरह उन्होंने बताया की अपनी जीभ दोमुही होती है एक तो अच्छे-अच्छे व्यंजनों का स्वाद लेकर पेट को भर देती है और वही जीभ अगर गलत बोल दे तो लोगों को डंडे पड़ जाएंगे और इसी जीव से भगवान का भजन भी किया जाता है। उन्होंने बताया कि यह अमृत झिरिया आश्रम है और सभी लोगों के अंदर एक अमृत झरिया है उसे पहचानने की जरूरत है और जो लोगों उसे पहचान गए वह भगवान को प्राप्त कर गए। प्रवचन के बाद विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। जिसमें हजारों की संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। इस अवसर पर बुंदेली लोककला के प्रमुख श्री उमेश वैद्य के नेतृत्व में दिव्यांग कलाकारों की टीम ने बहुत ही मनमोहक प्रस्तुती बरेदी नृत्य और गीता के उपदेश पर दी। सभी भक्तों ने प्रशंसा की। इस अवसर पर श्री गीता ज्ञान यज्ञ का त्रि-दिवसीय आयोजन भी संपन्न हुआ। जिसे धारकुण्डी आश्रम से पधारे श्री चंद्रमोली पाण्डेय एवं मुदित पंडित जी आदि ने वैदिक मंत्रों के साथ संपन्न कराया।